हिमाचल में चार दिन तक मानसून कमजोर, 13 सितंबर से बारिश शुरू
प्रदेश के ज्यादातर हिस्सों में 11-12 सितंबर को मौसम साफ, तापमान बढ़ेगा
हिमाचल प्रदेश में अगले चार दिनों तक मानसून कमजोर रहेगा और 13 सितंबर से बारिश शुरू होने की संभावना है। इस साल मानसून सामान्य से 10 प्रतिशत कम रहा है, जिसके कारण प्रदेश में 1,550 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ और 114 लोगों की मौत हुई है। मौसम विभाग ने 15 सितंबर तक रुक-रुककर बारिश जारी रहने का अनुमान लगाया है।
AI-निर्मित सार · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
हिमाचल प्रदेश में अगले चार दिन मानसून कमजोर रहेगा और ज्यादातर इलाकों में मौसम साफ रहेगा। मौसम विभाग ने 13 सितंबर से प्रदेश में बारिश शुरू होने का पूर्वानुमान जताया है।
मौसम विभाग के अनुसार 11 और 12 सितंबर को प्रदेश के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मौसम पूरी तरह साफ रहेगा, जबकि निचले और मध्यम ऊंचाई वाले इलाकों में मानसून कमजोर रहेगा। इसके चलते तापमान में 2 से 3 डिग्री तक बढ़ोतरी हो सकती है। प्रदेश के नौ शहरों में पारा 30 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच गया है। केलांग में तापमान सामान्य से 6.3 डिग्री अधिक 25.3 डिग्री दर्ज किया गया है।
प्रदेश के ज्यादातर शहरों में तापमान सामान्य से अधिक चल रहा है। हिमाचल में इस मानसून सीजन अब तक सामान्य से 10 फीसदी कम बारिश हुई है। चंबा में 4%, हमीरपुर में 32%, कांगड़ा में 5%, लाहौल-स्पीति में 61%, मंडी में 17%, सोलन में 13% और ऊना में 3% कम बारिश दर्ज की गई है। वहीं बिलासपुर में 9%, किन्नौर में 3%, कुल्लू में 9% और शिमला में 13% अधिक बारिश हुई है।
मौसम विभाग ने 13 सितंबर से प्रदेश में बारिश का दौर शुरू होने का अनुमान जताया है। खासकर 14 सितंबर को राज्य के ज्यादातर हिस्सों में अच्छी बारिश होने की संभावना है। मानसून कमजोर रहने के बावजूद प्रदेश में रुक-रुककर बारिश जारी है।
प्रदेश में दिन के तापमान में गिरावट और वृद्धि दोनों दर्ज की गई हैं। केलांग में न्यूनतम तापमान 10.4 डिग्री और दिन का तापमान 25.3 डिग्री दर्ज किया गया, जो सामान्य से 6.3 डिग्री अधिक है। भुंतर और कल्पा में दिन का तापमान सामान्य से तीन डिग्री अधिक रहा, जबकि पालमपुर में तीन डिग्री और कुफरी में 2.3 डिग्री की गिरावट आई है।
प्रदेश में शिमला-रामपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर भूस्खलन के कारण चार घंटे तक यातायात बाधित रहा। पहाड़ी से मलबा गिरने और पेड़ों के गिरने से बसें और सेब से लदे वाहन जाम में फंसे। मंडी जिले में 29 और कुल्लू में 11 सड़कें बंद हैं।
इस मानसून में प्रदेश में 30 जून से 8 सितंबर तक 1,550.19 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है और भूस्खलन, बाढ़ तथा अन्य कारणों से 114 लोगों की मौत हुई है।
मौसम विभाग ने 15 सितंबर तक रुक-रुक कर बारिश जारी रहने का अनुमान जताया है। सिरमौर में कई स्थानों पर झमाझम वर्षा हुई है। सिरमौर के पच्छाद में 48.2 मिलीमीटर, धौलाकुआं में 33.5, मंडी के मुरारी देवी में 46, शिमला के कोटखाई में 19.3 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है।
प्रदेश में पहाड़ों पर सुबह-शाम ठंड और दिन में गर्मी का अनुभव हो रहा है। मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में लो प्रेशर क्षेत्र बनने के कारण 10 सितंबर तक बारिश की गतिविधि जारी रह सकती है। पश्चिम विक्षोभ के कारण कहीं-कहीं अत्यधिक वर्षा होने की संभावना है।
धनबाद में अगले दो दिन भारी बारिश और वज्रपात का अलर्ट जारी है। 15 सितंबर तक बारिश का सिलसिला जारी रहने की संभावना है। कुछ स्थानों पर 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से तेज आंधी चलने की संभावना है।
पृष्ठभूमि
इस मानसून सीजन में हिमाचल प्रदेश में सामान्य से 10 फीसदी कम बारिश हुई है। प्रदेश के विभिन्न जिलों में बारिश के आंकड़ों में कमी और वृद्धि दोनों दर्ज की गई है। मानसून कमजोर रहने के बावजूद रुक-रुककर बारिश जारी है, जिससे प्रदेश में 1,550 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है और 114 लोगों की मौत हुई है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- किस कारण से हिमाचल में 11-12 सितंबर को मौसम साफ रहेगा?
- यह प्रदेश के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मानसून कमजोर होने के कारण है, जिससे मौसम साफ रहेगा।
- प्रदेश के किन शहरों में बारिश सामान्य से अधिक हुई है?
- बिलासपुर, किन्नौर, कुल्लू और शिमला में सामान्य से अधिक बारिश हुई है।
- भूस्खलन के कारण हिमाचल में किस सड़क पर यातायात बाधित हुआ?
- शिमला-रामपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर भूस्खलन के कारण चार घंटे तक यातायात बाधित हुआ।
- मौसम विभाग ने 15 सितंबर तक क्या अनुमान लगाया है?
- मौसम विभाग ने रुक-रुक कर बारिश जारी रहने की संभावना जताई है।
AI-निर्मित · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
50 free articles left today
0 of 50 free reads used today.
पाठकों की पसंद







Comments
0 threadsNo approved comments yet. Start the discussion.