नाबालिग छात्रा के अपहरण में आरोपी को 20 साल कैद
फास्ट ट्रैक पॉक्सो कोर्ट ने चार लाख रुपये की क्षतिपूर्ति का आदेश दिया
नूंह की विशेष पॉक्सो अदालत ने नाबालिग छात्रा के अपहरण के आरोपी राम किशोर को 20 वर्ष के कठोर कारावास एवं जुर्माना सुनाया है। अदालत ने पीड़िता के पुनर्वास के लिए चार लाख रुपये की क्षतिपूर्ति राशि देने का आदेश भी दिया है।
AI-निर्मित सार · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
नूंह की विशेष पॉक्सो अदालत ने नाबालिग छात्रा के अपहरण के मामले में आरोपी राम किशोर को 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने पीड़िता के पुनर्वास के लिए चार लाख रुपये की क्षतिपूर्ति राशि देने का भी आदेश दिया।
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डॉ. आशु संजीव तिंजन की अदालत में वर्ष 2023 में हुई सुनवाई में अभियोजन ने बताया कि 15 वर्षीय छात्रा स्कूल जाने के बाद घर नहीं लौटी थी। परिजनों की शिकायत पर महिला थाना नूंह में मामला दर्ज किया गया था।
जांच के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी पाया। विभिन्न धाराओं के तहत उसे 20 वर्ष के कठोर कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई गई।
अदालत के आदेशानुसार चार लाख रुपये में से 75 प्रतिशत राशि राष्ट्रीयकृत बैंक में तीन वर्ष के लिए सावधि जमा की जाएगी, जबकि 25 प्रतिशत राशि पीड़िता को तत्काल जरूरतों के लिए उपलब्ध कराई जाएगी।
यह फैसला नूंह की फास्ट ट्रैक पॉक्सो कोर्ट ने सुनाया है, जो नाबालिगों से जुड़े मामलों की त्वरित सुनवाई करती है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- आरोपी को किस धाराओं के तहत सजा दी गई?
- अदालत ने विभिन्न धाराओं के तहत आरोपी को दोषी पाया और सजा सुनाई।
- फास्ट ट्रैक पॉक्सो कोर्ट क्या है?
- यह अदालत नाबालिगों से जुड़े मामलों की त्वरित सुनवाई के लिए स्थापित की गई है।
- मामला कब दर्ज किया गया था?
- मामला तब दर्ज किया गया जब 15 वर्षीय छात्रा स्कूल से लौटकर नहीं आई।
AI-निर्मित · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
50 free articles left today
0 of 50 free reads used today.
पाठकों की पसंद









Comments
0 threadsNo approved comments yet. Start the discussion.