पांच राज्यों में BJP को कांग्रेस से सात गुना ज्यादा चंदा मिला
चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार BJP के पास 6 मई तक 7,627.2 करोड़ रुपए थे
चुनाव आयोग की रिपोर्ट के अनुसार पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) को कांग्रेस की तुलना में सात गुना अधिक चंदा मिला है। BJP को 15 मार्च से 4 मई तक 1,472.8 करोड़ रुपए मिले जबकि कांग्रेस को 207.17 करोड़ रुपए मिले। पांच राज्यों में असम, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी में NDA ने सरकार बनाई है।
AI-निर्मित सार · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
असम। चुनाव आयोग के सामने दाखिल रिपोर्ट के अनुसार पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) को कांग्रेस की तुलना में सात गुना अधिक चंदा मिला। 15 मार्च से 4 मई के चुनावी दौर में BJP को 1,472.8 करोड़ रुपए मिले, जबकि कांग्रेस को 207.17 करोड़ रुपए। 6 मई तक BJP के पास कुल 7,627.2 करोड़ रुपए थे।
चुनावी फंडिंग का विवरण
15 मार्च को BJP के पास 6,722.6 करोड़ रुपए थे, जो 6 मई तक बढ़कर 7,627.2 करोड़ रुपए हो गए। इस दौरान कांग्रेस के चुनावी फंड में 65.86 करोड़ रुपए की कमी आई। चुनावी अवधि की शुरुआत में कांग्रेस के पास करीब 169.06 करोड़ रुपए थे, जो घटकर 6 मई तक 103.2 करोड़ रुपए रह गए।
BJP ने असम, तमिलनाडु और पुडुचेरी में कुल 159.7 करोड़ रुपए खर्च किए। असम में पार्टी ने सबसे अधिक 96.27 करोड़ रुपए खर्च किए, जिसमें 76.73 करोड़ रुपए सामान्य पार्टी प्रचार पर और 19.54 करोड़ रुपए उम्मीदवारों पर लगे। तमिलनाडु में BJP का कुल खर्च 51.56 करोड़ रुपए रहा, जिसमें 44.51 करोड़ रुपए सामान्य प्रचार और 7.05 करोड़ रुपए उम्मीदवारों के नामांकन से जुड़े खर्च थे।
कांग्रेस ने पांचों राज्यों में सामान्य पार्टी प्रचार पर 143 करोड़ रुपए और उम्मीदवारों पर 105.55 करोड़ रुपए खर्च किए। इसके अलावा राज्य और स्थानीय इकाइयों ने 102.49 करोड़ रुपए खर्च किए। कांग्रेस का सबसे बड़ा प्रचार खर्च केरल में रहा, जहां उसने 59.28 करोड़ रुपए खर्च किए, इसके बाद असम में 22.62 करोड़ रुपए खर्च हुए।
चुनावी परिणाम और अन्य तथ्य
पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव में BJP को कांग्रेस की तुलना में सात गुना अधिक चंदा मिला। असम, पश्चिम बंगाल और पुडुचेरी में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) ने सरकार बनाई। वहीं केरल में INDIA और तमिलनाडु में TVK और कांग्रेस की सरकार बनी।
2021 के विधानसभा चुनावों की तुलना में इस बार 22 सीटें अधिक हैं। चुनाव आयोग के अनुसार BJP ने असम में सबसे ज्यादा 96 करोड़ रुपए खर्च किए।
एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (ADR) ने 2024-25 के लिए पार्टियों की आय जारी की, जिसमें BJP की कुल आय 6,769.15 करोड़ रुपए थी। सुप्रीम कोर्ट में 17 अगस्त को पेश रिपोर्ट के अनुसार लोकसभा के 543 सदस्यों में से 251 पर आपराधिक मामले दर्ज हैं, जबकि राज्यसभा के 233 सदस्यों में से 75 के खिलाफ मामले हैं।
चुनाव आयोग के सामने दाखिल किए गए ताजा चुनावी खर्च के ब्यौरे में देश की दो सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टियों के वित्तीय संसाधनों में भारी अंतर सामने आया है।
चुनाव आयोग, अधिकारी
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- BJP और कांग्रेस के चुनावी खर्च में अंतर क्यों इतना बड़ा है?
- BJP के पास शुरुआत में अधिक फंड थे और उन्होंने विभिन्न राज्यों में सशक्त प्रचार अभियान चलाए, जिससे उनका खर्च कांग्रेस से काफी अधिक रहा।
- चुनावी फंडिंग का यह डेटा चुनाव परिणामों को कैसे प्रभावित कर सकता है?
- ज्यादा वित्तीय संसाधन होने से पार्टियों को बेहतर प्रचार और उम्मीदवार समर्थन मिल सकता है, जो चुनाव परिणामों में सकारात्मक प्रभाव डाल सकता है।
- कांग्रेस के चुनावी फंड में कमी का कारण क्या है?
- चुनाव अवधि के दौरान पार्टी ने अपने कुछ फंड खर्च कर दिए हैं, जिससे उनके पास उपलब्ध राशि में कमी आई है।
AI-निर्मित · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
50 free articles left today
0 of 50 free reads used today.
पाठकों की पसंद










Comments
0 threadsNo approved comments yet. Start the discussion.