पीएम मोदी और जिनपिंग ने पुतिन को यूक्रेन युद्ध सुलझाने की पेशकश की
ब्रिक्स देशों के नेताओं ने रूस-यूक्रेन विवाद के समाधान में मदद का प्रस्ताव रखा
ब्रिक्स सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को यूक्रेन युद्ध सुलझाने में सहयोग की पेशकश की। सभी ब्रिक्स सदस्य देशों ने युद्ध समाप्ति के लिए संवाद और कूटनीतिक प्रयासों को बढ़ावा देने पर सहमति जताई।
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ब्रिक्स सम्मेलन में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को यूक्रेन युद्ध को सुलझाने में मदद की पेशकश की। यह पहल वैश्विक शांति और स्थिरता के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है। सम्मेलन में इस विषय पर गहन चर्चा हुई।
ब्रिक्स देशों के नेताओं ने रूस-यूक्रेन युद्ध को समाप्त करने के लिए संवाद और कूटनीतिक प्रयासों को बढ़ावा देने पर जोर दिया। प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति जिनपिंग ने पुतिन को इस दिशा में सहयोग का प्रस्ताव दिया। इससे पहले चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग ब्रिक्स डिनर में शामिल नहीं हुए थे।
ब्रिक्स सम्मेलन में इस मुद्दे पर चर्चा के दौरान सभी सदस्य देशों ने युद्ध के नकारात्मक प्रभावों को कम करने और क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने की आवश्यकता पर सहमति जताई। प्रधानमंत्री मोदी ने वैश्विक शांति के लिए सभी पक्षों से संयम बरतने का आह्वान किया।
चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के ब्रिक्स डिनर में न शामिल होने की खबर एक दिन पहले प्रकाशित हुई थी, लेकिन इस बार उन्होंने युद्ध समाधान के लिए सक्रिय भूमिका निभाई। ब्रिक्स देशों ने संयुक्त रूप से युद्ध को समाप्त करने के लिए संवाद के रास्ते खोलने की बात कही।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- चीनी राष्ट्रपति ने ब्रिक्स डिनर में भाग क्यों लिया?
- शी जिनपिंग ने पिछले बार न शामिल होने के बाद इस बार सक्रिय भूमिका निभाते हुए युद्ध समाधान पर चर्चा की।
- ब्रिक्स देशों का युद्ध के संबंध में क्या दृष्टिकोण है?
- ब्रिक्स देशों ने युद्ध के नकारात्मक प्रभाव कम करने और क्षेत्रीय स्थिरता कायम रखने की आवश्यकता पर बल दिया।
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