NIA ने लाल किला धमाके की पूरी साजिश का किया खुलासा
राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने बताया कि विस्फोट जानबूझकर और सुनियोजित था
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने लाल किला धमाके को एक सुनियोजित साजिश बताते हुए उमर उन नबी और उसके सहयोगियों पर आरोप लगाए हैं। जांच में विस्फोटक उपकरण, डिजिटल साक्ष्य और आतंकी संगठन Ansar Ghazwat-ul-Hind के पुनर्गठन की जानकारी सामने आई है। एजेंसी ने इस मामले की गहराई से जांच जारी रखी है।
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राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने लाल किला धमाके की जांच में बड़ा खुलासा किया है। एजेंसी ने बताया कि विस्फोट एक हादसा नहीं, बल्कि एक सुनियोजित तंत्र के तहत किया गया था। जांच में मिले फोरेंसिक और डीएनए साक्ष्यों ने हमले की गंभीरता को और बढ़ा दिया है।
NIA की चार्जशीट के अनुसार, धमाके में इस्तेमाल कार में रखा विस्फोटक हमलावर उमर उन नबी के नियंत्रण में था। जांच टीम को मौके से हमलावर का एक जूता मिला, जिसमें धातु का हिस्सा और एक पीजोइलेक्ट्रिक प्लेट लगी थी। यह प्लेट दबाव पड़ने पर बिजली की चिंगारी उत्पन्न करती थी, जिससे विस्फोटक सक्रिय हो गया। एजेंसी ने बताया कि हमलावर ने अपने पैर के दबाव से बम का ट्रिगर दबाया था।
जांच में यह भी सामने आया कि उमर उन नबी ने दिसंबर 2023 से मई 2025 के बीच कम से कम 12 बार लाल किला और आसपास के इलाके की रेकी की थी। चार्जशीट में यह भी कहा गया है कि नबी और उसके सहयोगी कट्टरपंथी विचारधारा फैलाने और नए सदस्यों की भर्ती में लगे थे। एजेंसी ने आरोप लगाया है कि समूह युवाओं को आत्मघाती हमलों के लिए तैयार करने की कोशिश कर रहा था।
जांच के दौरान मिले दस्तावेजों में लोकतांत्रिक व्यवस्था के विरोध और भारत में शरिया कानून लागू करने की विचारधारा का उल्लेख था। NIA ने इस पूरे नेटवर्क को Ansar Ghazwat-ul-Hind के पुनर्गठन से जोड़ा है, जिसका गठन 2017 में जाकिर मूसा ने किया था। मूसा की 2019 में मौत के बाद संगठन कमजोर हुआ था, लेकिन आरोपियों ने इसके नए अंतरिम ढांचे को स्थापित करने की कोशिश की।
चार्जशीट में विस्फोटक उपकरण तैयार करने में जसिर बिलाल वानी की भूमिका भी बताई गई है। वानी ने तकनीकी जानकारी देकर नबी को उपकरण का हिस्सा उपलब्ध कराया था। जांच एजेंसी के अनुसार, धमाके में इस्तेमाल विस्फोटक के लिए करीब 16 लाख रुपये नकद संगठन को दिए गए थे, जिनका इस्तेमाल हथियार और विस्फोटक सामग्री जुटाने में किया गया।
जांच में टेलीग्राम चैट और डिजिटल उपकरणों से जुड़े साक्ष्य भी मिले हैं, जिनमें हथियारों, गुप्त गतिविधियों और हिंसक अभियानों से संबंधित सामग्री शामिल है। NIA ने डॉ. शहीद सईद पर समूह को आर्थिक मदद पहुंचाने का आरोप लगाया है।
इस खुलासे से यह स्पष्ट होता है कि लाल किला धमाका एक सोची-समझी साजिश थी, न कि कोई आकस्मिक हादसा। जांच एजेंसी ने मामले की गहराई से पड़ताल जारी रखी है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- लाल किला धमाके में उमर उन नबी की भूमिका क्या थी?
- उमर उन नबी धमाके के हमलावर थे और उन्होंने विस्फोटक ट्रिगर को अपने पैर के दबाव से सक्रिय किया।
- संगठन ने किस तरह की गतिविधियाँ चलायीं थीं?
- संगठन कट्टरपंथी विचारधारा फैलाने, नए सदस्यों की भर्ती और युवाओं को आत्मघाती हमलों के लिए तैयार करने में लगा था।
- चार्जशीट में विस्फोटक उपकरण कैसे तैयार किए गए थे?
- जसिर बिलाल वानी ने तकनीकी जानकारी प्रदान कर उपकरण के हिस्से उपलब्ध कराए थे।
- डिजिटल उपकरणों से क्या महत्वपूर्ण साक्ष्य मिले?
- टेलीग्राम चैट में हथियार, गुप्त गतिविधियाँ और हिंसक अभियानों की सामग्री मिली।
- Ansar Ghazwat-ul-Hind संगठन का इतिहास क्या है?
- यह संगठन 2017 में जाकिर मूसा द्वारा स्थापित किया गया था, जो 2019 में मारे जाने के बाद कमजोर हुआ था।
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