मायावती ने Gen-Z आंदोलन के राजनीतिकरण पर जताई चिंता
बसपा प्रमुख ने कहा, राजनीतिक दलों ने आंदोलन को हाईजैक कर युवाओं में शंका बढ़ी
बहुजन समाज पार्टी की अध्यक्ष मायावती ने Gen-Z आंदोलन के राजनीतिकरण पर चिंता जताई है और कहा कि राजनीतिक दल युवाओं के आंदोलनों को अपने स्वार्थ के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं। उन्होंने पार्टी की नीति के तहत शांतिपूर्ण संवाद और कानूनी कार्रवाई पर जोर दिया है। साथ ही बसपा ने Gen-Z और Gen-Alpha की समस्याओं के स्थायी समाधान का लक्ष्य रखा है।
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बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने रविवार को Gen-Z आंदोलन के राजनीतिकरण पर गंभीर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि राजनीतिक दलों द्वारा स्वतंत्र आंदोलनों को हाईजैक करने से युवाओं और छात्रों के मन में संदेह पैदा हो गया है।
मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट करते हुए कहा कि देश में कई उदाहरण हैं जिनसे स्पष्ट होता है कि युवाओं, छात्रों और बेरोजगारों की ज्वलंत समस्याओं से जुड़े Gen-Z आंदोलन को राजनीतिक दल अपने स्वार्थ के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि जंतर-मंतर पर हुए आंदोलनों के दौरान युवाओं को बड़े सपने दिखाए गए थे, लेकिन अब राजनीतिक दलों के कब्जे से उनका भरोसा टूटा है।
बसपा प्रमुख ने स्पष्ट किया कि पार्टी Gen-Z और Gen-Alpha की जायज मांगों और समस्याओं के प्रति पूरी सहानुभूति रखती है। उन्होंने कहा, "हमारा लक्ष्य 'सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय' के सिद्धांत पर सरकार बनाकर Gen-Z, Gen-Alpha और समाज के सभी वर्गों की समस्याओं का स्थायी समाधान निकालना है।" मायावती ने पार्टी की सभी राज्य इकाइयों को निर्देश दिए हैं कि वे संबंधित अधिकारियों से बातचीत कर युवाओं की समस्याओं का शांतिपूर्ण समाधान करें।
उन्होंने कहा कि पार्टी अनुशासन के तहत बसपा कार्यकर्ता धरना, प्रदर्शन या आंदोलन में भाग नहीं लेंगे। इसके बजाय अपनी शारीरिक, मानसिक और आर्थिक क्षमता को आगामी चुनावों के लिए सुरक्षित रखें। मायावती ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की और कहा कि जरूरत पड़ने पर पार्टी ऐसे मामलों में आवाज उठाने से पीछे नहीं हटेगी।
यह मामला एक नाबालिग कार्यकर्ता के पिता संजय आजाद पर हुए हमले से जुड़ा है, जिसमें आरोप है कि स्वतंत्र भारद्वाज ने उन पर हमला किया था। उन्होंने इस घटना को गंभीर बताते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
अगर पुलिस समय रहते उचित कदम उठाती, तो इस गंभीर घटना को रोका जा सकता था
मायावती, बसपा प्रमुख
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- मायावती ने Gen-Z आंदोलन के राजनीतिकरण को लेकर क्या कहा?
- उन्होंने कहा कि राजनीतिक दलों द्वारा स्वतंत्र आंदोलनों को हाईजैक करने से युवाओं का भरोसा टूट रहा है।
- बसपा की Gen-Z और Gen-Alpha के प्रति स्थिति क्या है?
- बसपा ने कहा कि वे इन पीढ़ियों की जायज समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए काम करेंगे।
- बसपा कार्यकर्ताओं को आंदोलन में भाग लेने के बारे में क्या निर्देश मिले हैं?
- मायावती ने कहा है कि बसपा कार्यकर्ता धरना, प्रदर्शन या आंदोलन में हिस्सा नहीं लेंगे।
- नाबालिग कार्यकर्ता के पिता पर हमले का मामला क्या है?
- इसमें आरोप है कि स्वतंत्र भारद्वाज ने संजय आजाद पर हमला किया था, जिसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है।
- बसपा ने इस मामले में पुलिस की भूमिका के बारे में क्या कहा?
- मायावती ने कहा कि अगर पुलिस समय रहते कदम उठाती तो हमले को रोका जा सकता था।
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