नोख में 5.5 करोड़ का अस्पताल भवन 14 महीने से बंद
नई बिल्डिंग तैयार होने के बाद भी मरीजों को सुविधा नहीं मिल पा रही
फलोदी के नोख सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का नया 5.5 करोड़ रुपये का अस्पताल भवन 14 महीने से बंद है और मरीजों के उपयोग में नहीं आ रहा है। पुराने भवन की जगह कम होने के कारण इलाज में दिक्कत हो रही है, जबकि नई बिल्डिंग में साफ-सफाई और रखरखाव की कमी के कारण खराबी बढ़ रही है।
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फलोदी। फलोदी के नोख सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का नया अस्पताल भवन करीब 5.5 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हो चुका है। लेकिन यह पिछले 14 महीनों से हैंडओवर का इंतजार कर रहा है और मरीजों के इस्तेमाल में नहीं आ रहा है। इससे ग्रामीणों को इलाज में परेशानी हो रही है।
नोख अस्पताल में रोजाना 200 से ज्यादा मरीज ओपीडी में इलाज कराते हैं। पुराने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के भवन में जगह कम होने के कारण डॉक्टर, कर्मचारी और मरीजों को दिक्कत होती है। गंभीर मरीजों के लिए बेड और वार्ड रूम की कमी भी बनी हुई है।
नई बिल्डिंग में जगह-जगह कबूतरों के घोंसले बन चुके हैं और कई घोंसलों में उनके बच्चे भी हैं। साफ-सफाई और देखरेख की कमी से भवन के अंदर गंदगी फैली हुई है। करोड़ों रुपये खर्च कर तैयार की गई यह बिल्डिंग इस्तेमाल से पहले ही खराब दिखने लगी है।
ग्रामीणों का कहना है कि 14 महीने बीत जाने के बाद भी नए अस्पताल भवन को मरीजों के लिए शुरू क्यों नहीं किया जा रहा है। अगर समय रहते सफाई और रखरखाव नहीं किया गया, तो भवन को नुकसान पहुंचने का खतरा है। इससे मरीजों को सीधा नुकसान हो रहा है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- नई बिल्डिंग का रखरखाव कैसा है?
- साफ-सफाई और देखभाल की कमी से भवन के अंदर गंदगी फैल गई है और कबूतरों के घोंसले बने हैं।
- इस बिल्डिंग के बंद रहने से ग्रामीणों को क्या दिक्कतें हो रही हैं?
- ग्रामीणों को इलाज में परेशानी हो रही है और भवन खराब होने का खतरा भी उत्पन्न हुआ है।
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