जयपुर में कांग्रेस का बोर्ड बनाने का दावा, भाजपा से कड़ी टक्कर
राजस्थान के कई नगर निकायों में कांग्रेस और भाजपा के बीच मुकाबला जारी, कई जगहों पर निर्दलीय निर्णायक
जयपुर नगर निगम चुनाव में कांग्रेस ने 18 सीटों पर जीत हासिल की है और बोर्ड बनाने का दावा किया है, जबकि भाजपा के पास 12 सीटें हैं। निर्दलीय पार्षदों की भूमिका निर्णायक है क्योंकि किसी भी पार्टी को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है। राजस्थान के अन्य नगर निकायों में भी कांग्रेस और भाजपा के बीच कड़ी टक्कर जारी है।
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जयपुर। जयपुर नगर निगम चुनाव में कांग्रेस ने बोर्ड बनाने का दावा किया है। भाजपा ने कई वार्डों में बढ़त बनाई है, लेकिन कांग्रेस के पक्ष में भी कई सीटें आई हैं। निर्दलीय पार्षदों की भूमिका अब निर्णायक बनी है।
जयपुर निगम चुनाव का हाल
जयपुर नगर निगम चुनाव में कांग्रेस ने कई वार्डों में जीत दर्ज की है। वहीं विधायक रफीक खान ने आरोप लगाया, "झूठे आंकड़े जारी कर भाजपा को विजेता बताया जा रहा है।" भाजपा के एक नेता ने कहा कि मुख्यमंत्री के विधानसभा क्षेत्र में जनता के प्यार और समर्थन से उन्हें जीत मिली है।
कुल 35 सीटों में कांग्रेस ने 18 पर जीत दर्ज की है, जबकि भाजपा के खाते में 12 सीटें आई हैं। निर्दलीय उम्मीदवारों ने 5 सीटों पर बाजी मारी है। भाजपा 28 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी बनी, लेकिन बहुमत के लिए जरूरी 33 सीटों से दूर रही। इसलिए बोर्ड गठन के लिए भाजपा को निर्दलीय पार्षदों के समर्थन की जरूरत होगी।
मतगणना अभी जारी है और जैसे-जैसे नतीजे सामने आएंगे, कांग्रेस के विजेता उम्मीदवारों की वार्डवार सूची अपडेट होती जाएगी।
टोंक जिले के 10 निकायों के चुनाव परिणाम में कांग्रेस ने उनियारा नगरपालिका में 11 सीटों पर जीत हासिल की, जबकि टोंक नगर परिषद में कांग्रेस ने 32 सीटों पर जीत दर्ज की है। निवाई नगरपालिका में कांग्रेस 19 सीटों के साथ सबसे आगे रही, जबकि भाजपा को 18 और निर्दलीयों को 3 सीटें मिलीं।
खाटूश्यामजी नगर पालिका में 20 वार्डों में भाजपा और कांग्रेस दोनों ने 8-8 वार्ड जीते हैं, जबकि बाकी 4 सीटें निर्दलीय उम्मीदवारों के खाते में गई हैं। यहां भी किसी पार्टी को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है।
रायपुर नगर पालिका चुनाव की मतगणना पूरी हो चुकी है, जिसमें भाजपा ने 18 वार्डों में जीत दर्ज की है। राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी को 4, कांग्रेस को 2 और निर्दलीय को 1 सीट मिली है।
बीकानेर नगर निगम के 80 वार्डों में से शुरुआती रुझान में भाजपा 4 वार्डों में आगे है, जबकि कांग्रेस ने 3 वार्डों में बढ़त बनाई है।
इस प्रकार राजस्थान के विभिन्न नगर निकायों में कांग्रेस और भाजपा के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिल रही है, जहां निर्दलीय पार्षदों की भूमिका निर्णायक साबित हो सकती है।
वार्ड 102 में कांग्रेस प्रत्याशी जीत की स्थिति में था, लेकिन बाद में उसे 71 वोटों से हारा हुआ बता दिया गया।
प्रताप सिंह खाचरियावास
जयपुर में निश्चित रूप से कांग्रेस का बोर्ड बनेगा।
प्रताप सिंह खाचरियावास
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- मतगणना की वर्तमान स्थिति क्या है?
- मतगणना अभी जारी है और जैसे-जैसे नतीजे आएंगे, कांग्रेस के विजेता उम्मीदवारों की सूची अपडेट होती रहेगी।
- निर्दलीय पार्षदों की भूमिका क्यों महत्वपूर्ण है?
- किसी भी पार्टी के पास स्पष्ट बहुमत नहीं है, इसलिए निर्दलीयों का समर्थन स्थानीय सरकार के गठन में निर्णायक साबित होगा।
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