दिल्ली में बेसमेंट निर्माण के दौरान इमारत ढही, कई बच्चे मलबे में फंसे
मोती बाग इलाके में दोपहर करीब 1:30 बजे हादसा, बचाव अभियान जारी
दिल्ली के मोती बाग इलाके में बेसमेंट निर्माण के दौरान कमजोर पिलर के कारण एक इमारत गिर गई, जिसमें कम से कम 25 से 30 बच्चे मलबे में फंस गए। बचाव कार्य जारी है, अब तक कुछ बच्चों और अन्य लोगों को बाहर निकाला गया है, जबकि वहां से आवाजें भी आ रही हैं। मुख्यमंत्री ने बचाव अभियान के लिए टीम भेजी है और सभी को सुरक्षित निकालने को प्राथमिकता दी गई है।
AI-निर्मित सार · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
दिल्ली के मोती बाग इलाके में दोपहर करीब 1:30 बजे एक इमारत गिर गई। बेसमेंट बनाने के काम के दौरान कमजोर पिलर के कारण यह हादसा हुआ। मलबे में कम से कम 25 से 30 बच्चे फंसे बताए जा रहे हैं।
चश्मदीद ने बताया कि वे लोग बेसमेंट बनाने का काम कर रहे थे। पास में ही एक दुकान है, जहां वे बैठे थे, तभी अचानक तेज आवाज़ आई जो भूकंप जैसी गड़गड़ाहट जैसी थी। इमारत के ऊपर के ढांचे को मजबूत किया गया था, लेकिन नीचे के पिलर कमजोर थे। खास तौर पर ग्राउंड फ्लोर पर किराये के लिए जगह बनाने के लिए बदलाव किए जा रहे थे, जिससे इमारत ढह गई।
दिल्ली फायर सर्विस को दोपहर करीब 1:30 बजे सूचना मिली। करीब 1:50 बजे स्टेशन ऑफिसर नरेंद्र मौके पर पहुंचे और उन्होंने अधिकारियों को बताया कि इमारत गिर गई है और कई लोग मलबे में फंसे हैं। इसके बाद अतिरिक्त अधिकारियों और बल की मांग की गई। स्थिति को देखते हुए एक एसडब्ल्यूटी, बिग फायर टेंडर, ऑफिसर-इन-चार्ज, डीओ मुकेश वर्मा और एसटीओ मनोज को घटनास्थल पर भेजा गया।
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, मलबे में फंसे लोगों को निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। अब तक चार बच्चों को बचाया गया है जो सांस ले रहे थे। इसके अलावा 4-5 लोगों को भी बचाया जा चुका है और 2-3 शव बरामद हुए हैं। मलबे के अंदर से अभी भी आवाजें आ रही हैं।
पास में लड़कों और लड़कियों के लिए पीजी भी था, जहां अलग-अलग जगहों से पढ़ने वाले छात्र पीजी में रहते थे। हादसे के वक्त कई छात्र अंदर मौजूद थे और कुछ अभी भी अंदर से फोन कर रहे हैं, जिससे माना जा रहा है कि कई अन्य लोग मलबे में फंसे हो सकते हैं।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों की पूरी टीम मौके पर भेजी है और सरकार का पूरा ध्यान बचाव अभियान पर है। प्राथमिकता सभी को सुरक्षित बाहर निकालना है।
बीजेपी विधायक अनिल शर्मा ने दुख जताया है। उन्होंने बताया कि मलबे से दो छात्रों को एनडीआरएफ और एमसीडी की मदद से बाहर निकाला जा चुका है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- इमारत गिरने की वजह क्या थी?
- ग्राउंड फ्लोर पर किराए के लिए बदलाव के कारण नीचे के पिलर कमजोर हो गए थे।
- रेस्क्यू ऑपरेशन में कौन-कौन शामिल हैं?
- स्टेशन ऑफिसर नरेंद्र, एसडब्ल्यूटी, बिग फायर टेंडर, ऑफिसर-इन-चार्ज, डीओ मुकेश वर्मा और एसटीओ मनोज मौके पर मौजूद हैं।
- क्या मलबे में फंसे छात्रों की कोई जानकारी है?
- पास में लड़कों और लड़कियों के लिए पीजी था जहाँ कई छात्र थे, और कुछ अभी भी फोन कर रहे हैं।
- सरकार ने इस हादसे पर क्या कदम उठाए हैं?
- मुख्यमंत्री ने पूरी बचाव टीम मौके पर भेजी है और बचाव अभियान पर पूरा ध्यान दिया जा रहा है।
- किसने हादसे पर दुख जताया?
- बीजेपी विधायक अनिल शर्मा ने दुख जताया और बताया कि दो छात्रों को एनडीआरएफ और एमसीडी की मदद से बचाया गया।
AI-निर्मित · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
50 free articles left today
0 of 50 free reads used today.
पाठकों की पसंद









Comments
0 threadsNo approved comments yet. Start the discussion.