दौसा में भर्तृहरि महाराज की 25वीं पदयात्रा जयकारों के साथ शुरू
गांव के मुख्य रास्तों से निकली पदयात्रा, श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर स्वागत किया
दौसा के द्वारापुरा से भर्तृहरि महाराज की 25वीं पदयात्रा गाजे-बाजे और भक्तिमय माहौल में शुरू हुई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। यात्रा के दौरान ग्रामीणों ने फल, ठंडाई, दूध और लस्सी से सेवा की और प्रमुख मार्गों पर पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया।
AI-निर्मित सार · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
दौसा। दौसा के द्वारापुरा से भर्तृहरि महाराज की 25वीं पदयात्रा गाजे-बाजे और भक्तिमय माहौल में रवाना हुई। यात्रा में बड़ी संख्या में महिला-पुरुष श्रद्धालु शामिल हुए और रास्ते में ग्रामीणों ने फल, ठंडाई, दूध व लस्सी से सेवा की।
पदयात्रा शुरू होने से पहले ठाकुरजी मंदिर में पंडित दीनदयाल पुजारी ने वैदिक मंत्रों के साथ पूजा करवाई। इसके बाद समिति के पदाधिकारियों ने कहा, "धार्मिक यात्राएं समाज में आपसी प्रेम, भाईचारे और सामाजिक एकता को बढ़ाती हैं।"
पदयात्रा गांव के मुख्य रास्तों से होकर निकली। महिलाएं भजनों पर नृत्य कर रही थीं, जबकि पुरुष हाथों में ध्वज लेकर भर्तृहरि महाराज के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ रहे थे। गाजे-बाजे और भक्ति संगीत की धुनों से पूरा माहौल भक्तिमय हो गया।
पदयात्रा में भर्तृहरि महाराज की एक आकर्षक झांकी भी निकाली गई। रास्ते में जगह-जगह ग्रामीणों और श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर पदयात्रियों का स्वागत किया। कई स्थानों पर फल, ठंडाई, दूध, लस्सी और अन्य पेय पदार्थों का इंतजाम कर यात्रियों की सेवा की गई।
ऐसे आयोजन लोगों में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक एकता की भावना को भी मजबूत करते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- पदयात्रा शुरू होने से पहले क्या हुआ?
- ठाकुरजी मंदिर में पंडित दीनदयाल पुजारी ने वैदिक मंत्रों के साथ पूजा करवाई।
- पदयात्रा में किस प्रकार का माहौल रहा?
- गाजे-बाजे और भक्ति संगीत की धुनों से माहौल भक्तिमय और उत्साहपूर्ण रहा।
- क्या धार्मिक यात्रा का समाज पर कोई प्रभाव होता है?
- समिति के पदाधिकारियों के अनुसार, ये यात्राएं आपसी प्रेम, भाईचारे और सामाजिक एकता को बढ़ाती हैं।
- पदयात्रा में महिलाएं और पुरुष कैसे भाग ले रहे थे?
- महिलाएं भजनों पर नृत्य कर रही थीं, जबकि पुरुष हाथों में ध्वज लेकर जयकारे लगा रहे थे।
- यात्रियों का स्वागत कैसे किया गया?
- ग्रामीणों ने जगह-जगह पुष्पवर्षा की और विभिन्न पेय पदार्थों का इंतजाम कर सेवा की।
AI-निर्मित · पूरी ख़बर से पुष्टि करें
50 free articles left today
0 of 50 free reads used today.
पाठकों की पसंद





Comments
0 threadsNo approved comments yet. Start the discussion.