अजमेर में भाजपा-कांग्रेस ने प्रत्याशियों की बाड़ाबंदी शुरू की
मतगणना से पहले दोनों दल संभावित विजेताओं को सुरक्षित जगह पर रखकर रणनीति बना रहे हैं
अजमेर नगर निगम चुनाव के बाद भाजपा और कांग्रेस ने अपने प्रत्याशियों को सुरक्षित स्थानों पर रखकर बाड़ाबंदी शुरू कर दी है ताकि एकजुटता बनी रहे और क्रॉस वोटिंग रोकी जा सके। दोनों दल संभावित विजेताओं और समर्थक निर्दलीयों पर नजर रखकर चुनाव परिणाम को लेकर रणनीति बना रहे हैं। मतगणना 14 सितंबर को होगी।
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अजमेर। अजमेर नगर निगम चुनाव के मतदान के बाद भाजपा और कांग्रेस ने अपने-अपने प्रत्याशियों की बाड़ाबंदी शुरू कर दी है। दोनों दल संभावित विजेताओं को एकजुट रखने और क्रॉस वोटिंग रोकने के लिए उन्हें सुरक्षित स्थानों पर रख रहे हैं।
भाजपा ने कई प्रत्याशियों को देर रात बाड़ाबंदी कर पुष्कर ले जाकर सुरक्षित स्थान पर रखा है। वहीं कांग्रेस ने शहर जिलाध्यक्ष राजकुमार जयपाल के आवास पर सभी प्रत्याशियों को बुलाकर प्रशिक्षण दिया। जयपाल ने बताया, "आज दोपहर को सभी को बुलाया है और उसके बाद तय करेंगे।" कांग्रेस जिलाध्यक्ष रमेश सोनी ने कहा, "इसमें नए कैंडिडेट्स भी हैं और सभी को एकजुट रखने व पार्टी की रीति-नीति के बारे में बताने के लिए प्रशिक्षण देंगे।"
दोनों दल न केवल अपने उम्मीदवारों बल्कि जीतने की संभावना वाले निर्दलीय उम्मीदवारों पर भी नजर रख रहे हैं। कई वार्डों में मुकाबला कांटे का है और निर्दलीय के कारण परिणाम में उलटफेर की संभावना बनी हुई है। इसलिए दोनों पार्टियों ने अपने समर्थक निर्दलीय को भी साथ लेने का फैसला किया है।
चौमूं नगर परिषद चुनाव में भी भाजपा ने अपने पार्षद प्रत्याशियों को एकजुट रखने के लिए बाड़ाबंदी की है। वरिष्ठ नेता रामलाल शर्मा के नेतृत्व में प्रत्याशियों की सूची मिलान के बाद उन्हें बस में बैठाकर गुप्त स्थान पर भेजा गया।
किशनगढ़-रेनवाल नगर निकाय चुनाव में भाजपा ने 25 वार्डों के प्रत्याशियों की देर रात बाड़ाबंदी की। भाजपा कार्यालय में हाजिरी लगाकर सभी प्रत्याशियों को बस में बैठाकर अज्ञात स्थान के लिए रवाना किया गया। भाजपा प्रत्याशियों से अतिरिक्त कपड़े और बैग लेकर आने को कहा गया था।
मारवाड़ी रिलीफ सोसायटी राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में स्ट्रांग रूम बनाया गया है, जहां प्रत्याशियों की निगरानी की जा रही है, अधिकारी सर्वेश शर्मा ने बताया।
मतगणना 14 सितंबर को होगी, जिसके बाद ही चुनावी बोर्ड का गठन होगा। जीतने वाले प्रत्याशी मेयर मतदान में हिस्सा लेंगे। दोनों दल संभावित विजेताओं को एकजुट रखने और परिणाम के बाद किसी भी तरह की क्रॉस वोटिंग रोकने की रणनीति पर काम कर रहे हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- कांग्रेस ने अपने प्रत्याशियों को क्या प्रशिक्षण दिया?
- कांग्रेस ने नए उम्मीदवारों समेत सभी को पार्टी की रीति-नीति और एकजुटता पर प्रशिक्षण दिया।
- भाजपा और कांग्रेस निर्दलीय उम्मीदवारों को लेकर क्या रणनीति अपना रहे हैं?
- दोनों दल संभावित निर्दलीय समर्थकों को अपने साथ रखने की कोशिश कर रहे हैं ताकि चुनाव परिणाम प्रभावित न हो।
- मारवाड़ी रिलीफ सोसायटी स्कूल में क्या बनाया गया है?
- राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में स्ट्रांग रूम बनाया गया है, जहां प्रत्याशियों की निगरानी की जा रही है।
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