कुचामन में 10 दिन में 25 लाख की तिजोरी लूट का खुलासा
पुलिस ने चार शातिर आरोपियों को गिरफ्तार कर वारदात में इस्तेमाल एसयूवी जब्त की
कुचामन जिले में 22 अगस्त को लुकास गांव में हुई तिजोरी चोरी का पुलिस ने 10 दिन में खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। जांच में 500 से अधिक सीसीटीवी फुटेज और ड्रोन का उपयोग कर वारदात में इस्तेमाल एसयूवी जब्त की गई; गिरफ्तार आरोपी विभिन्न अपराधों में शामिल रहे हैं।
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कुचामनसिटी। कुचामन जिले के लाडनूं उपखंड के लुकास गांव में 22 अगस्त को हुई तिजोरी चोरी का पुलिस ने 10 दिन में खुलासा कर दिया है। चार आरोपियों को गिरफ्तार कर वारदात में इस्तेमाल एसयूवी जब्त की गई है।
जांच और गिरफ्तारी
पुलिस ने आठ टीमों का गठन कर 500 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले और ड्रोन से पहाड़ी-दुर्गम इलाकों में तलाश की। आरोपियों ने मकान के पीछे लगाकर खिड़कियों की ग्रिल तोड़कर प्रवेश किया और चार क्विंटल वजनी लोहे की तिजोरी तोड़कर ले गए। तिजोरी में तीन लाख पचास हजार नकद और करीब बाईस लाख के सोने-चांदी के जेवरात थे।
एसपी ने बताया कि नीमकाथाना के चंद्रपाल उर्फ सीपी, अजीतगढ़ के मुकेश मीणा उर्फ डेढ़ फुटिया, जयपुर के गौरव डोरिया उर्फ जागा और अलवर के नरेश उर्फ दिनेश मीणा को गिरफ्तार किया गया है। सभी पेशेवर चोर हैं और विभिन्न थानों में चोरी, नकबजनी, लूट, डकैती, धोखाधड़ी और आर्म्स एक्ट में दर्ज मुकदमों में शामिल हैं।
पुलिस ने आरोपियों के जाने वाले मार्ग, टोल प्लाजा, होटल-ढाबों और सार्वजनिक स्थानों के फुटेज खंगाले और रूट तय कर पीछा किया। चोर ग्रामीण और पहाड़ी-दुर्गम क्षेत्रों में चले गए थे, जहां रास्ते और सीसीटीवी नहीं थे, जिससे जांच चुनौतीपूर्ण रही। हरियाणा के नारनौल से इनपुट मिलने पर जाल बिछाकर सभी को धर दबोचा गया।
जांच का नया मॉडल
पुलिस ने जिस तरह 500 सीसीटीवी फुटेज, टोल प्लाजा डेटा, ड्रोन सर्विलांस और फील्ड इंटेलिजेंस को मिलाकर रूट ट्रेस तैयार किया, वह ग्रामीण अपराधों की जांच का नया मॉडल बन रहा है। इससे पहले इस तरह की जटिल वारदात का खुलासा नहीं हो पाया था।
तकनीकी विश्लेषण और फील्ड इंटेलिजेंस से रूट ट्रेस कर सफलता मिली. 21 अगस्त की रात एक एसयूवी में सवार बदमाशों ने लुकास निवासी गोपालराम के घर को निशाना बनाया था.
डॉ. प्यारेलाल शिवरान, विशेषज्ञ
सूचना पर वे स्वयं मौके पर पहुंचे, एफएसएल और एमओबी टीमों ने साक्ष्य जुटाए.
एसपी, पुलिस अधीक्षक
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